व्हाट्सऐप का नया “डिसैपीयरिंग मैसेज” विकल्प, सात दिन बाद ख़ुद ग़ायब हो जाएँगे मैसेज

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व्हाट्सऐप में जल्द ही आपको “डिसैपीयरिंग मैसेज” का नया विकल्प मिलेगा, जो मैसेज भेजने वाले और मैसेज प्राप्त करने वाले के बीच हुई चैट को सात दिन बाद ख़ुद-ब-ख़ुद ही ग़ायब कर देगा.

मतलब अगर आपने इस विकल्प को एनेबल किया तो सात दिन पुराने मैसेज अपने आप हटते जाएंगे.

फ़ेसबुक के स्वामित्व वाले इस ऐप के दुनिया भर में दो अरब यूज़र हैं. व्हाट्सऐप का कहना है कि इस नई सेटिंग से चैट को प्राइवेट रखने में मदद मिलेगी.

हालाँकि व्हाट्सऐप ने ये भी कहा कि अगर मैसेज प्राप्त करने वाला किसी मैसेज, फ़ोटो या वीडियो को सात दिन बाद भी अपने पास रखना चाहता है तो वो पहले ही उसका स्क्रीनशॉट लेकर रख सकता है या उसे फ़ॉरवर्ड कर सकता है.

यानी आपने तो डिसैपीयरिंग मैसेज का विकल्प चुन लिया, लेकिन सामने वाला फिर भी मैसेज को कहीं और सेव करके रख सकता है.

“डिसैपीयरिंग मैसेज” का विकल्प इस साल नवंबर के अंत तक दिखने लगेगा.

एक ब्लॉग में कंपनी ने कहा कि मैसेज सात दिन में एक्सपायर होने का विकल्प मिलने से “दिमाग़ की शांति मिलेगी कि आपकी कोई बातचीत परमानेंट नहीं है. साथ ही आप प्रैक्टिकल भी रहेंगे ताकि आप ये भूल ना जाएं कि आप किस बारे में चैट कर रहे थे.”

फ़ेसबुक के संस्थापक मार्क ज़करबर्ग ने अप्रैल 2019 में यूज़र्स को अधिक गोपनीयता प्रदान करने के लिए सोशल नेटवर्क में कई बदलाव करने का वादा किया.

उनके प्रस्तावित बदलावों में ऐसे ऑप्शन पेश करना शामिल था जिसके ज़रिए सामग्री बहुत कम वक़्त तक सोशल नेटवर्क पर रहे. डिसैपीयरिंग मैसेज का विकल्प इसी का हिस्सा है.

कंपनी अपने मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स व्हाट्सऐप, इंस्टाग्राम और फ़ेसबुक मैसेंजर को साथ जोड़ने की कोशिश कर रही है ताकि इनमें से किसी भी एक प्लेटफॉर्म से दूसरे पर सामग्री साझा की जा सके. यानी आप अपने व्हाट्सऐप से किसी को उसके फ़ेसबुक या इंस्टाग्राम पर भी मैसेज कर पाएंगे.

व्हाट्सऐप के प्रतिद्वंद्वी मैसेजिंग ऐप स्नैपचैट में “डिसैपीयरिंग मैसेज” का विकल्प पहले से मौजूद है.

 




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